
ग्यारहवें ज्योर्तिलिंग भगवान श्री केदारनाथ धाम के कपाट आज शुक्रवार को विधि विधान से तीर्थयात्रियों के लिए खुल गए हैं। कपाट खुलने की प्रक्रिया सुबह छह बजे शुरू हो गई थी। मंदिर के कपाट सुबह 06 बजकर 26 मिनट पर वैदिक मंत्रोच्चार के साथ खुल गए जबकि चार तीर्थों में से अंतिम धाम बदरीनाथ धाम के कपाट 08 मई को तीर्थयात्रियों के लिए खोले जाएंगे।
परंपरा के अनुसार भगवान केदारनाथ की पंचमुखी डोली केदारनाथ पहुंच चुकी है। यह दो मई को श्री केदारनाथ के शीतकालीन निवास ओंकारेश्वर मंदिर से केदारनाथ के लिए रवाना हुई थी और केदारनाथ धाम पहुंचने से पहले विश्वनाथ मंदिर गुप्तकाशी, श्री गौरीमाई मंदिर, फाटा और गौरीकुंड सहित कई पड़ावों पर रुकी थी। केदारनाथ मंदिर को फूलों से सजाया गया है।
सरकार की ओर से चारधाम यात्रा के सफल संचालन के लिए सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। आज केदारनाथ जी के बाद आठ मई को बदरीनाथ धाम के कपाट खुलेंगे, जिसके बाद चारधाम यात्रा पहले की तरह संपूर्ण रूप से संचालित हो जाएगी। उत्तराखंड सरकार तीर्थयात्रियों के सर्वोत्तम आतिथ्य की सेवा के लिए तैयार है। -सतपाल महाराज, पर्यटन मंत्री